पंचांग – यह शब्द सुनते ही मन में धर्म, ज्योतिष, तिथि, वार, नक्षत्र, योग, और शुभ-अशुभ काल का समावेश उभरता है। आज के इस लेख में हम आपको पंचांग के महत्व, उपयोगों और इसकी रचना के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान करेंगे।
पंचांग की जानकारी:
- तिथि: आज कृष्ण पक्ष पंचमीऔर कृष्ण पक्ष तृतीया है।
- वार: गुरुवार ज्ञान के देव बृहस्पति और शांति के देव विष्णु को समर्पित है। ज्ञान, शांति पाने और आशीर्वाद पाने के लिए पीले वस्त्र पहनें!
- नक्षत्र: आज नक्षत्र विशाखा और अनुराधा है।
- करण: आज बव,बालव और कौलव है।
- सूर्योदय और सूर्यास्त: आज का सूर्योदय 6:27 AM और सूर्यास्त 6:39 PM होगा।
- चंद्रोदय और चंद्रास्त: आज का चंद्रोदय 29th Mar 10:23 PM और चंद्रास्त 30th Mar 9:13 AM होगा।
- योग: आज वज्र और सिद्धि योग है।
- सूर्य और चंद्र राशि: आज सूर्य मीन राशि में है और वृश्चिक राशि उपरांतपर संचार तुला राशि करेगा
- चंद्र मास और ऋतु: आज का चंद्र मास फाल्गुन है और ऋतु वसंत है।
- अशुभ काल: आज राहू काल (11:00 AM – 12:31 PM), यम गण्ड (3:34 PM – 5:05 PM), और कुलिक ( 7:57 AM – 9:28 AM) अशुभ काल है।
- शुभ काल: आज अभिजीत मुहूर्त (12:07 PM – 12:55 PM), अमृत काल (11:04 AM – 12:48 PM), और ब्रह्म मुहूर्त (04:48 AM – 05:36 AM) शुभ काल है।
पंचांग के अंग:
- तिथि: महीने में 15-15 दिनों के दो पक्ष होते हैं, शुक्ल पक्ष और कृष्ण पक्ष। प्रत्येक पक्ष में 15 तिथियां होती हैं।
- वार: सप्ताह के सात दिन – रविवार, सोमवार, मंगलवार, बुधवार, गुरुवार, शुक्रवार, और शनिवार।
- नक्षत्र: 27 नक्षत्र होते हैं, जो चंद्रमा की गति के अनुसार बदलते हैं।
- योग: 27 योग होते हैं, जो सूर्य और चंद्रमा की स्थिति के अनुसार बनते हैं।
- करण: 11 करण होते हैं, जो तिथि के आधार पर बदलते हैं।
पंचांग का महत्व:
- धार्मिक कार्यों: पंचांग त्यौहारों, व्रतों, पूजा-पाठ, और अन्य धार्मिक कार्यों के लिए शुभ तिथि और मुहूर्त का ज्ञान प्रदान करता है।
- सामाजिक कार्यों: पंचांग विवाह, जन्मदिन, गृह प्रवेश, और अन्य सामाजिक कार्यों के लिए शुभ तिथि और मुहूर्त का ज्ञान प्रदान करता है।
- व्यक्तिगत कार्यों: पंचांग व्यवसाय शुरू करने, यात्रा करने, और अन्य व्यक्तिगत कार्यों के लिए शुभ तिथि और मुहूर्त का ज्ञान प्रदान करता है।
- ज्योतिष: पंचांग ज्योतिषियों को ग्रहों की चाल, गोचर, और अन्य ज्योतिषीय घटनाओं का अध्ययन करने में मदद करता है।
पंचांग का उपयोग:
- समय का सदुपयोग: पंचांग हमें समय का सदुपयोग करने में मदद करता है।
- कार्यों की सफलता: पंचांग हमें अपने कार्यों को सफलतापूर्वक पूरा करने में मदद करता है।
- सुख और समृद्धि: पंचांग हमें अपने जीवन में सुख और समृद्धि प्राप्त करने में मदद करता है।
पंचांग की रचना:
पंचांग की रचना ज्योतिषियों द्वारा ज्योतिषीय गणनाओं के आधार पर की जाती है। ज्योतिषी ग्रहों की चाल, नक्षत्रों की स्थिति, और अन्य ज्योतिषीय कारकों का अध्ययन करके पंचांग तैयार करते हैं।
निष्कर्ष:
पंचांग हमारे जीवन का अभिन्न अंग है। यह हमें धर्म, ज्योतिष, और समय का ज्ञान प्रदान करता है। पंचांग का उपयोग करके हम अपने जीवन को बेहतर बना सकते हैं।
अतिरिक्त जानकारी:
- विभिन्न प्रकार के पंचांग उपलब्ध हैं, जैसे कि हिंदू पंचांग, मुस्लिम पंचांग, और सिख पंचांग।
- पंचांग ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों में उपलब्ध हैं।
- पंचांग का उपयोग करने से पहले, ज्योतिषी से सलाह लेना उचित है।
महत्वपूर्ण: पंचांग सामान्य ज्योतिषीय भविष्यवाणियां हैं और ये हर व्यक्ति के लिए लागू नहीं हो सकती हैं। किसी भी महत्वपूर्ण कार्य को करने से पहले किसी अनुभवी ज्योतिषी से परामर्श करना उचित है|